Rafale ne dikhaya sukhoe sang dikhaya kamal ka cordination , dekhta rah gya china, read all ghatnakram

jyoti S
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दुश्मन का काल माने जाने वाले 5 फाइटर जेट राफेल (Rafale) बुधवार को अंबाला एयरबेस पहुंच गए. इसी के साथ चीन को आज उसके कहे पर करारा जवाब मिला है. चीन की तरफ से कहा गया था कि भारत के पास अलग-अलग देशों के फाइटर जेट और हथियार है, इनमें कोआर्डिनेशन कैसे होगा. आज राफेल और सुखोई ने उसकी एक झलक दिखला दी है.

राफेल लड़ाकू विमानों के दो स्क्वोड्रन में से एक पाकिस्तान में पश्चिमी सीमा के लिए अंबाला में स्थित होगा, जबकि दूसरा स्क्वोड्रन पश्चिम बंगाल में हरिमारा में स्थित होगा और वह चीन सीमा के लिए समर्पित होगा, जहां भारतीय और चीनी पीपल्स लिबरेशन आर्मी के सैनिक एक सीमा गतिरोध में आमने-सामने हैं, जिसमें 15 जून को हुए एक खूनी संघर्ष में 20 भारतीय सैनिक शहीद हो चुके हैं और अज्ञात संख्या में चीनी सैनिक भी मारे जा चुके हैं.

अंबाला एयरबेस पर राफेल लड़ाकू विमान को वाटर सैल्यूट दिया गया.

एयर स्टाफ के चीफ, एयर चीफ मार्शल आरकेएस भदौरिया, एयर ऑफिसर कमांडिंग-इन-चीफ वेस्टर्न एयर कमांड, एयर मार्शल बी सुरेश और एयर ऑफिसर कमांडिंग एयर फोर्स स्टेशन अंबाला के साथ-साथ आज अंबाला एयरबेस पर पहुंचे और राफेल के पायलटों से मुलाकात की.

 

पहला राफेल RB-001, जानें क्यों खास है ये

पहले राफेल को RB-001 टेल संख्या दी गई है जिसके शुरुआती अक्षर वायुसेना प्रमुख आरकेएस भदौरिया के नामों को दर्शाते हैं. उन्होने राफेल डील के लिए कई वार्ताओं का नेतृत्व किया था. वायुसेना प्रमुख खुद भी इंडियन एयरफोर्स के बेहतरीन पायलट हैं, उन्होंने राफेल भी उड़ाया है.

नंबर 17 स्क्वाड्रन का हिस्सा होंगे राफेल

ये राफेल उन भारतीय पायलटों द्वारा उड़ाए गए हैं जिन्होंने इसका व्यापक प्रशिक्षण लिया है. राफेल IAF के नंबर 17 स्क्वाड्रन का हिस्सा होंगे. इसे "गोल्डन एरो" के रूप में भी जाना जाता है. राफेल को भारत लाने वाले एयरक्राफ्ट का नेतृत्व ग्रुप कैप्टन हरकीरत सिंह ने किया, जोकि नंबर 17 सक्वाड्रन में कमांडिंग ऑफिसर हैं.

अंबाला एयरबेस के पास धारा 144, तीन किलोमीटर तक नो ड्रोन जोन

राफेल विमानों के भारत आगमन को लेकर अंबाला एयरबेस पर सुरक्षा के कड़े बंदोबस्त किए गए. अंबाला एयरबेस के 3 किलोमीटर के दायरे को नो ड्रोन जोन घोषित कर दिया गया. एयरबेस के तीन किलोमीटर के दायरे में ड्रोन पर पूरी तरह से पाबंदी है. अगर कोई इसका उल्लंघन करता है तो उस पर एक्शन लिया जाएगा. इसके साथ ही एयर फोर्स बेस के जदीक धारा 144 लगाई गई है. फोटोग्राफी और वीडियोग्राफी पर भी प्रतिबंध लगा दिया गया है.

अबू धावी से अंबाला तक का सफर

  • राफेल अबू धावी के नजदीक अल ढफरा से भारत के लिए रवाना हुए.
  • रिपोर्ट्स के मुताबिक राफेल की लैंडिंग का समय बदलकर 2 बजकर 30 मिनट हुआ.
  • रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने भारतीय एयरोस्पेस में राफेल की एंट्री को लेकर ट्वीट किया.
  • अरब सागर में तैनात इंडियन नेवी वार शिप आईएनएस कोलकाता से राफेल के पायलटों से संपर्क किया.
  • अंबाला की हवाई सीमा में राफेल की एंट्री हुई और कुछ देर बाद अंबाला एयरबेस पर पहले राफेल की एंट्री हुई.
  • देश का इंतज़ार हुआ खत्म, अंबाला एयरबेस पर लैंड हुए पांचों Rafale फाइटर जेट.
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